डेगाना : राजकीय महाविद्यालय के स्नातकोत्तर भूगोल विभाग द्वारा नारेली भौगोलिक सर्वेक्षण भ्रमण
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शौकत खान | Thu, 29-Jan-2026 |
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डेगाना(नागौर डेली न्यूज)। राजकीय महाविद्यालय डेगाना के भूगोल विभाग द्वारा गुरुवार को विद्यार्थियों के लिए नारेली ग्राम का सामाजिक आर्थिक एवं भौगोलिक सर्वेक्षण हेतु भ्रमण आयोजित किया गया। इस शैक्षणिक भ्रमण का उद्देश्य स्नातकोत्तर विद्यार्थियों के पाठ्यक्रम के अभिन्न अंग के अंतर्गत भौगोलिक तथ्यों, स्थलाकृतिक विशेषताओं एवं क्षेत्रीय अध्ययन की व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना रहा।
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने नारेली गांव की भौगोलिक संरचना, भूमि उपयोग, जल संसाधन, बसावट प्रतिरूप, जनसंख्या संरचना एवं मानव क्रियाकलापों का अवलोकन किया। इसके साथ ही विद्यार्थियों को पुष्कर महाविद्यालय का भी भ्रमण करवाया गया जहां पर प्राचार्य तथा भूगोलविद् डॉ मिलन कुमार यादव से मुलाकात कर विद्यार्थियों को भूगोल विषय में भविष्य को लेकर व्याख्यान करवाया गया, साथ ही डॉ यादव द्वारा तैयार किए गए लूणी नदी के सुदूर संवेदन मानचित्रों में लूणी के वर्तमान प्रवाह क्षेत्र का विस्तृत शोध भी विद्यार्थियों से साझा किया गया। साथ ही पुष्कर में स्थित संत सैनभगत पैनोरमा तथा ऐतिहासिक एवं धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण पुष्कर राज तीर्थ स्थल पर झील तथा ब्रह्मा मंदिर का भी भ्रमण करवाया गया।
इसके अलावा प्रसिद्ध नारेली जैन मंदिर का भी भ्रमण कर मंदिर में की गई बारीक नक्काशी तथा निर्माण कार्य का अवलोकन विद्यार्थियों द्वारा किया गया। इस भ्रमण से विद्यार्थियों को कक्षा में पढ़े गए सैद्धांतिक ज्ञान को वास्तविक परिस्थितियों से जोड़ने का अवसर मिला। भ्रमण के दौरान भूगोल विभागाध्यक्ष डॉ ओमप्रकाश चौधरी तथा सहायक आचार्य मुकेश चौधरी द्वारा स्थल पर ही आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया, जिससे विद्यार्थियों की भौगोलिक समझ और अवलोकन क्षमता में वृद्धि हुई।
विद्यार्थियों ने इस शैक्षणिक भ्रमण को ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायक एवं उपयोगी बताते हुए महाविद्यालय प्रशासन एवं भूगोल विभाग का आभार व्यक्त किया तथा विचार साझा करते हुए बताया कि विभागाध्यक्ष द्वारा इस तरह के अनेक प्रयास गत 2 वर्षों से स्नातकोत्तर विद्यार्थियों हेतु निरंतर किए जा रहे है जिससे वे भूगोल विषय में अनेक नवाचारों से अवगत हुए है। छात्र श्यामसुंदर ने बताया कि भूगोल विषय के प्रति विभागाध्यक्ष की ऐसी लगन से जल्द ही यह महाविद्यालय नगरीय महाविद्यालयो के समकक्ष स्थान प्राप्त करेगा। विद्यार्थी सुमित डूडी ने बताया कि भ्रमण के दौरान विभाग की ओर से जलपान तथा भोजन की उत्तम व्यवस्था रही ।
भ्रमण की उपयोगिता बताते हुए सहायक आचार्य मुकेश चौधरी ने विद्यार्थियों को विषयवस्तु के प्रति व्यावहारिक समझ उत्पन्न कर प्राथमिक आंकड़ों के संग्रहण तथा उपयोग की बारीकियां समझाई तथा भूगोल विभागाध्यक्ष डॉ ओमप्रकाश चौधरी ने विद्यार्थियों को विषय की गहनता समझाते हुए बताया कि किस तरह से भूगोल के विद्यार्थी के लिए प्रत्यक्ष रूप से विषयवस्तु का अवलोकन कर समझना जरूरी है क्योंकि वर्तमान में प्रतियोगी परीक्षाओं में जिस तरह से पेपर बनते हैं उनको हल करने के लिए विद्यार्थी का बौद्धिक स्तर बढ़ाए बिना सफलता प्राप्त करना असंभव है ओर भूगोल के विद्यार्थी के लिए संपूर्ण पृथ्वी एक प्रयोगशाला है अतः केवल पुस्तकों पर निर्भर न रहकर यदि भौगोलिक तत्वों को रूबरू होकर देखा ओर समझा जाए तो ही विषय के प्रति व्यावहारिक समझ उत्पन्न हो सकती है जो न केवल प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता दिलाती है बल्कि शोध कार्यों तथा उच्च अध्ययन हेतु आधार बनाती है.